बीजेपी का दिल्ली सरकार पर आरोप, कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन की मांग को बढ़ाकर बताया गया, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने लगाई फटकार

कोरोना की दूसरी लहर में जहां ऑक्सीजन की मांग को लेकर हा -हाहाकार मचा हुआ था। वही अब इसी को लेकर दिल्ली सरकार और बीजेपी के बीच तकरार छिड़ गई है।

बीजेपी का दिल्ली सरकार पर आरोप, कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन की मांग को बढ़ाकर बताया गया, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने लगाई फटकार
बीजेपी का दिल्ली सरकार पर आरोप, कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन की मांग को बढ़ाकर बताया गया, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने लगाई फटकार

(श्रद्धा उपाध्याय), नई दिल्ली: कोरोना की दूसरी लहर में जहां ऑक्सीजन की मांग को लेकर हा -हाहाकार मचा हुआ था। वही अब इसी को लेकर दिल्ली सरकार और बीजेपी के बीच तकरार छिड़ गई है। बीजेपी ने केजरीवाल सरकार पर ऑक्सीजन की मांग को बढ़ाकर बताने का आरोप लगाया है। जिसके बाद अब दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने बीजेपी की जमकर फटकार लगाई है। और बीजेपी की इस रिपोर्ट को झूठा करार दिया है।

दरअसल, शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने दिल्ली की केजरीवाल सरकार पर कोरोना की दूसरी लहर के दौरान अप्रैल -मई में ऑक्सीजन की मांग को बढ़ा चढ़ाकर मांगने का आरोप लगा दिया है। जिसपर दिल्ली के उपमुख़्यमंत्री मनीष सिसोदिया भड़क गए और उन्होंने बीजेपी की फटकार लगा दी। उनका कहना है इस तरह की कोई रिपोर्ट नहीं है और बीजेपी झूठे आरोप लगा रही है। और फर्जी रिपोर्ट तैयार करके कार्यालय में पेश कर रही है। इस विषय पर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पार्टी की गतिविधियों पर नियंत्रण रखने की अपील की।

वही इस झूठी रिपोर्ट को लेकर मनीष सिसोदिया का कहना है कि -”सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित ऑक्सीजन ऑडिट कमेटी ने अभी तक किसी भी रिपोर्ट को मंजूरी नहीं दी है। फिर, यह कौन सी रिपोर्ट है जिसे भाजपा नेता दिखा कर रहे हैं? मैं भाजपा को चुनौती देता हूं कि ऑक्सीजन ऑडिट कमेटी के सदस्यों द्वारा हस्ताक्षरित यह रिपोर्ट लाए। आगे उन्होंने कहा -“हमने ऑडिट कमेटी के कई सदस्यों से बात की, सबका कहना है कि उन्होंने किसी रिपोर्ट पर हस्ताक्षर ही नहीं किए हैं।”

इसके साथ ही बीजेपी प्रवक्ता संबित ने भी ऑक्सीजन की मांग को लेकर दिल्ली सरकार पर निशाना साधा है। और कहा कि दिल्ली की वजह से 12 राज्यों की ऑक्सीजन सप्लाई में रुकावट आई। क्यूंकि इन राज्यों को रोककर दिल्ली को ऑक्सीजन देनी पड़ी। आज ऑक्सीजन की राजनीती पर दिल्ली की केजरीवाल सरकार का पर्दाफाश हुआ है। और सारा सच सामने आ गया है। आज अगर दिल्ली सरकार ने झूठ न बोला होता तो न जाने कितने लोगो की जान बच जाती। दिल्ली ने अपनी ऑक्सीजन की मांग को 4 गुना अधिक बताया।

जहाँ पहले केजरीवाल सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में कहा जा रहा था कि उन्होंने आईसीएमआर की गाइडलाइंस के मुताबिक ऑक्सीजन की कैल्कुलेशन की है वही अब जब सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित कमेटी ने अरविंद केजरीवाल से आईसीएमआर की गाइडलाइन की कॉपी मांगी तो उन्होंने हाथ खड़े कर दिए। यानि ये सब दिल्ली सरकार की साजिश थी। और उन्होंने इस ऑक्सीजन की मांग को लेकर झूठ बोला।

आपको बता दें, ऑक्सीजन ऑडिट के लिए गठित कमिटी में दिल्ली सरकार की ओर से 25 अप्रैल से 10 मई के बीच वास्तविक जरूरत से 4 गुना अधिक थी। जबकि सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को आदेश दिया था कि दिल्ली को रोजाना 700 मीट्रिक टन की सप्लाई की जाए। हालांकि कोर्ट में बहस के दौरान केंद्र के वकील सॉलिसीटर जनरल तुषार मेहता ने भी कहा था कि दिल्ली को अधिकतम 415 मीट्रिक टन की जरूरत है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here